-जिला अधिकारी के साथ जन समस्याएं सुनकर लिया प्रशासनिक कार्यप्रणाली का अनुभव
हरिद्वार।
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित की पहल पर अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस के उपलक्ष्य में सरकारी विद्यालयों की पांच बालिकाओं ने जिलाधिकारी के साथ सोमवार को एक दिन के लिए प्रशासनिक अधिकारी की भूमिका निभाई और इस अनुभव के माध्यम से प्रशासनिक कार्यों, जिम्मेदारियों एवं जनसेवा की कार्यप्रणाली को समझा।
एक दिन के लिए प्रशासनिक अधिकारी चयनित हुई बालिकाओं ने सोमवार को जिला कार्यालय पहुंचकर जनसुनाई में पहुंंचे फरियादियों की समस्याएं सुनी और सरल समस्याओं के समाधान के लिए महत्वपूर्ण दिशा—निर्देश संबंधित विभागों के अधिकारियों को दिए। जबकि कुछ जटिल समस्या पर जिलाधिकारी मयूर दीक्षित से विचार-विमर्श करते हुए समस्या समाधान की दिशा में कार्य किया। जनसुनवाई की शुरुआत में जिलाधिकारी ने बेटियों को जनसुनवाई सहित जिला कार्यालय से संचालित होने वाले कार्यों से अवगत कराया। एक दिन के लिए प्रशासनिक अधिकारी बनी बालिकाओं ने जिलाधिकारी के साथ अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि जिलाधिकारी के साथ बैठकर समस्याएं सुनना एवं उनका निस्तारण करना जिन्दगी के अदभुत लम्हों में से एक है। बालिकाओं ने कहा कि वे अपने—अपने क्षेत्रों में आज के अनुभवों को साझा करेंगी और बालिका शिक्षा तथा लैंगिक समानता के लिए लोगों को प्रेरित करेंगी। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने बताया कि सरकारी विद्यालयों की बालिकाओं में आत्मविश्वास बढ$ाने, प्रशासनिक व्यवस्था के बारे में जागरूक करने, बालिकाओं के शिक्षा और कैरियर के प्रति जागरूक करने, बालिकाओं के सर्वांगीण विकास के उद्देश्य से रिलैक्सो कंपनी के सहयोग से यह आयोजन किया गया है।
एक दिन के लिए प्रशासनिक अधिकारी बनी छात्राओं में शीतल पुत्री तेलूराम, कक्षा 8, जनरल शाहनवाज राजकीय उच्चतम विद्यालय एेथल। तनीषा पुत्री शमीम कक्षा 8 राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय बुक्कनपुर लक्सर। ईशा गोयल पुत्री प्रवेश गोयल कक्षा 1१ नेशनल कन्या इंटर कालेज खानपुर। तमन्ना पुत्री परविन्दर कुमार कक्षा 9 राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय अकबरपुर उर्द। अंशिका पुत्री संदीप कुमार कक्षा 12 अटल उत्कर्ष राजकीय इंटर कालेज, मुण्डाखेडा कला।
