
-हरकी पौड़ी पर संदिग्ध बैग व यात्रियों को बंधक बनाने से हड़कंप
-प्रशासन ने मॉक ड्रिल कर हरकी पैड़ी पर परखी सुरक्षा व्यवस्था
हरिद्वार।
हरकी पौड़ी मालवीय घाट पर संदिग्ध बैग की सूचना हरकी पौड़ी चौकी को उपलब्ध कराई गई। पुलिस कंट्रोल रूम को उपलब्ध कराई गई। कंट्रोल रूम से संदिग्ध बैग मिलने की सूचना मिलने पर तत्काल घटनास्थल के लिए रवाना हुई पुलिस टीम समेत तमाम सिक्योरिटी एजेंसियों ने मोर्चा संभाला। हरकी पौड़ी चौकी इंचार्ज ने तब तक यात्रियों को बिना पता चले भीड$भाड$ वाले क्षेत्र को तत्काल खाली कराया । पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सभी एजेंसियों का रिस्पांस टाइम और को—आॢडनेशन जांच करने को मॉक ड्रिल अभ्यास कराया गया है।
बीडीएस की टीम ने सेंसर के माध्यम से एवं डाग स्क्वायड ने बैग की जांच की तथा बैग में संदिग्ध वस्तु होने की अंदेशा जाहिर किया गया। दूसरे मॉक ड्रिल में हर की पौड़ी घंटाघर में दो संदिग्ध लोगों ने दो लोगों को बंदी बना लिया था। सूचना मिलते ही एटीएस की टीम ने तुरंत मोर्चा संभाला तथा तत्काल मौके पर अपहरणकर्ता को न्यूट्रल किया तथा उनके कब्जे से लोगों को मुक्त कराया । तीसरे माकड्रिल में सुभाष घाट पर स्थित एक चाय की दुकान पर आग लगने की सूचना कंट्रोल रूम को मिली जिसका संज्ञान लेते हुए मौके पर दमकल टीम के द्वारा तुरंत आग पर काबू पाया गया तथा कोई भी जानमाल की क्षति नहीं हुई है। एक्सीडेंट कमांडर एसपी क्राइम जितेंद्र मेहरा ने बताया कि दोपहर करीब दो बजे पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना मिली कि हरकी पौड़ी मालवीय घाट पर शंकराचार्य जी के मूॢत के पास संदिग्ध बैग रखा हुआ है। हरकी पौड़ी इंचार्ज ने तत्काल पुलिस कंट्रोल रुम को एवं एसएसआई नगर कोतवाली को तथा पुलिस अधिकारियों को मालवीय घाट पर संदिग्ध बैग रखे होना बताया। बीडीएस की टीम ने मौके पर पहुंच कर नियंत्रण में लिया। दूसरे मॉक ड्रिल में मालवीय घाट स्थित घंटाघर में अपहरणकर्ता ने कुछ लोगो को बंधक बनाया था । एटीएस की टीम ने तुरंत मौके पर पहुंच कर कार्यवाही की जिसमें अपहरणकर्ता को न्यूट्रलाइज किया तथा उनके कब्जे से लोगों को मुक्त कराया। तीसरी मॉक ड्रिल अभ्यास में सुभाष घाट पर किसी दुकान पर आग लगने की सूचना मिली थी जिस पर दमकल टीम ने पहुंच कर आग पर काबू पाया गया। उन्होंने कहा कि किसी भी घटना से निपटने के लिए त्वरित राहत एवं बचाव कार्य करने के उद्देश्य से पुलिस विभाग एवं प्रशासन के संयुक्त तत्वाधान में मॉक ड्रिल अभ्यास किया गया। एेसी घटना घटित होने पर किस तरह से कम समय में एवं किसी भी जानमाल की हानि न हो तथा कम से कम समय में स्थिति पर काबू पाया जाए। इस उद्देश्य से यह मॉक अभ्यास किया गया है। बीडीएस की टीम ने सेंसर के माध्यम से एवं डाग स्क्वायड ने बैग की जांच की तथा बैग में संदिग्ध वस्तु होने का अंदेशा जाहिर किया गया । इस दौरान तत्काल मौके पर पहुंचे पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में तुरंत बेरिकेङ्क्षडग कर रास्तों को रोका गया। आसपास के लोगों से तुरंत क्षेत्र को खाली करवाया गया। बैग में विस्फोट होने की संभावना के चलते एसओजी, सिविल डिफेंस, बम निरोधक दस्ता,डाग स्कावड, बीडीएस,एलआईयू, क्यूआरटी, फायर सहित एटीएस व मेडिकल टीम भी मौके पर पहुंच गई। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए अस्पताल जाने वाले रास्ते को भी तुरंत खाली कराया गया। बम निरोधक दस्ते बैग की जांच की गई। संदिग्ध बैग में रखे वस्तु को समय रहते नियंत्रण में की किया गया। पुलिस डिपार्टमेंट की आेर से सभी एजेंसियों का रिस्पांस टाइम और को—आॢडनेशन जानने के लिए मॉकड्रिल कंडक्ट करने का पता चलने पर लोगों ने राहत की सांस ली। इस मौके पर एसपी सिटी अभय प्रताप ङ्क्षसह, एएसपी सदर निशा यादव, एएसपी ज्वालापुर जितेंद्र चौधरी, सीओ सिटी शिशुपाल नेगी, सीओ ट्रैफिक संजय चौहान,अग्निशमन अधिकारी वंश बहादुर यादव, एलआईयू इंस्पेक्टर विवेक सहित विभिन्न थानों के इंचार्ज एवं पुलिस कर्मी मौजूद थे।
